जौनपुर : मध्यप्रदेश के प्रवासी गोलगप्पे बेचने वाले बेसहारा परिवार के लिए सहारा बनी पुलिस

जौनपुर : मध्यप्रदेश के प्रवासी गोलगप्पे बेचने वाले बेसहारा परिवार के लिए सहारा बनी पुलिस


खुटहन पुलिस ने इमामपुर गॉव के फकीर बस्ती में बंटवाया खाद्य सामग्री


खुटहन। 
मुलायम सोनी 
तहलका 24x7
                   एक तरफ जहां पुलिस का चेहरा आम जनमानस में भय एवं क्रूरता का है, वहीं दूसरी तरफ कोरोना वायरस के विरुद्ध जंग के दरम्यान उसका मानवीय चेहरा भी सामने आया है। जिसकी चहुंओर प्रशंसा हो रही है। थानाध्यक्ष जगदीश कुशवाहा ने बताया कि मध्यप्रदेश के जिला भिंड के गॉव रावतपुरा निवासी करन सिंह पुत्र लक्ष्मीराम अपने छः सदस्यों के परिवार संतोषी कुमारी, मनोज अनन्या, आनंद व मंगल सिंह के साथ संतलाल मिठाई वाले की दुकान के बगल में रहते है। वह ठेले पर बाजार दर बाजार भ्रमण कर गोलगप्पे बेचकर परिवार का भरण पोषण करते हैं। 



सूचना मिली कि लॉकडाउन के दौरान उनके पास खाने के सामान व पैसे खत्म हो गए है। ऐसे में पुलिस परिवार की तरफ से उनको खाद्य सामग्री आटा, चावल, दाल, मसाले, तेल व मिठाई प्रदान किया तथा उन्हें 21 दिन तक कोरोना वायरस से बचाव के लिए सोशल डिस्टेंसिग का पालन करते हुए खुटहन में ही रहने की सलाह दी है। उन्हें कहा गया कि इस मुसीबत की घड़ी में भोजन पानी की व्यवस्था स्थानीय प्रशासन करेगा। उन्होंने बताया कि इमामपुर गॉव में नन्हे फकीर, गुड्डी फकीर व मुन्नी पत्थर काटने वालों के 20 सदस्यीय परिवार को भी उनके खाने पीने की राशन सामग्री वितरित की गई। पुलिस ने भूखे को भोजन प्रदान करके समाज मे एक मिशाल कायम किया है। जिसके कारण उसकी चहुओर प्रशंसा हो रही है।

Comments