!! जलालपुर त्रिलोचन बाज़ार वासी दो महीने से रतजगा को मजबूर

!! जलालपुर त्रिलोचन बाज़ार वासी दो महीने से रतजगा को मजबूर 

!! ग्रामीण क्षेत्र को 16 घंटे बिजली आपूर्ति के स्थान पर महज 8 से 10 घंटे ही मिल रही बिजली

!! जिम्मेदार स्थानीय अधिकारी ऊपर से कटौती का बहाना बना झाड़ रहे हैं पल्ला

!! जलालपुर त्रिलोचन बाज़ार वासी दो महीने से रतजगा को मजबूर 

जौनपुर। 
रवि शंकर वर्मा 
तहलका 24 x 7 
                      मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश शहरी क्षेत्रों में 24 घन्टे, तहसील क्षेत्रों में 20 घंटे एवं ग्रामीण क्षेत्रों में 16 घंटे बिजली आपूर्ति पूरी तरह से ध्वस्त हो गया है। योगी सरकार की लुटिया डुबोने में उनके ही अधिकारी पूरी तन्मयता से लगे हुए हैं। बिजली कटौती के बाबत पूछे जाने पर स्थानीय अधिकारी यह कहकर पल्ला झाड़ने में बिल्कुल गुरेज नहीं करते कि कटौती ऊपर से हो रही है। जितनी बिजली हमें मिलती है उतना ही आपूर्ति कर देते हैं।

                                                    जलालपुर क्षेत्र के त्रिलोचन महादेव बाजार में 2 महीने से अनवरत बिजली व्यवस्था कर रही आंख मिचोली कर रही है। योगी सरकार के आश्वासन की धज्जियां उड़ाने में अधिकारी कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। यहां पर सिड्यूल का कोई पता ही नहीं है। अधिकारी व कर्मचारी मनमानी कर रहे है।जिससे पूरे क्षेत्र में बिजली को लेकर कोहराम मचा हुआ है। लोगों में जनाक्रोश व्याप्त है। छोटे-छोटे बच्चों का पढ़ना-लिखना भी हुआ दूभर हो गया है। यदि  बिजली आ भी रही है तो बिल्कुल लो वोल्टेज।  भीषण गर्मी से लोग हलकान है।                                                                                                                                      

                                              इस बाबत  त्रिलोचन बाजार के व्यापार मंडल अध्यक्ष अनुराग कुमार वर्मा ने  बताया कि अगर जल्द व्यवस्था ठीक नहीं किया गया तो जलालपुर पावर हाउस पर पहुंचकर  ताला बंद कर विरोध प्रदर्शन को बाध्य होंगे। व्यापारियों के साथ आंख पर काली पट्टी बांधकर सड़क पर उतरने के लिए बाध्य होंगे।                                                                                                                                                        
                                                                                                                                                     

Comments